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गले के दर्द से ज़ल्दी राहत पाने के लिए हल्दी का इस तरह करे उपाय मिलेगा पल भर में आराम


विभिन्न कारणों से गले में दर्द होता है जैसे- किसी चीज से गले पर चोट लगती है, गला छील जाता है, अधिक गर्म पदार्थ खाने या पीने के कारण गला जल जाने पर गले में दर्द होता है। इसके अलावा गले में सूजन आ जाने या कफ बनने के कारण भी दर्द होता है। अनगिनत औषधी के गुणों वाला हल्दी हर भारतीय घर में मसाले के रूप में पाई जाती है।  इसमें विटामिन, मिनरल, डाइटरी फाइबर और प्रोटीन होता है, जो हल्दी को एंटी-इंफ्लेमेटॉरी (प्रज्वलनरोधी), एन्टी- ऑक्सीडेंट , कफ निस्सारक, एन्टी-फंगल(फंगसरोधी) , एन्टीसेप्टिक (रोगाणुरोधक), और कैंसर विरोधी घटक बनाता है-जिसके कारण यह गले के दर्द से राहत दिलाने में मदद करती है।

हल्दी कैसे काम करती‍ है:

  • हल्दी कच्ची हो या पकी, दोनों ही रूपों में यह लाभदायक होती है।  इसके अलावा हल्दी के जड़ों में भी कई तरह के एसेंशियल ऑइल होते हैं, जो उपचार करने में सक्षम होते हैं। हल्दी गले के दर्द में सूजन को कम करके जलन, खुजली, दर्द आदि से राहत दिलाने में मदद करती है। 

गले के दर्द से राहत पाने के लिए हल्दी के इस्तेमाल करने के कुछ टिप्स:

  • गरारा/कुल्ला : इस पद्धति से गले के सतह पर हल्दी का एक स्तर जम जाता है जो जीवाणु को मिटाने में मदद करता है। इन्हीं जीवाणुओं के कारण गले में दर्द होता है। नियमित रूप से गरारा करने पर गले का दर्द भी धीरे-धीरे ठीक होने लगता है। इस उपचार के लिए आधा कप गुनगुना गर्म पानी लें उसमें आधा चम्मच नमक और एक चौथाई चम्मच हल्दी पावडर डालें। इस मिश्रण से सुबह पहले गरारा करें। गरारा करने के बाद आधा घंटे तक कुछ खायें पीएं नहीं ताकि औषधी अच्छी तरह से काम कर सके।
  • हल्दी दूध :  हल्दी का सबसे ज़्यादा इस्तेमाल सर्दी, खांसी और गले के दर्द के दवा के रूप में होता है। हल्दी के एंटी-इंफ्लेमेटॉरी (प्रज्वलनरोधी) गुण के साथ दूध के असंख्य स्वास्थ्यवर्द्धक गुण मिल जाते हैं, जो गले के दर्द से राहत दिलाने में बहुत मदद करते हैं। हल्दी दूध को बनाने के लिए एक गिलास दूध में आधा चम्मच हल्दी और पीसी हुई काली मिर्च डालें। गले के दर्द से राहत पाने के लिए दिन में दो बार इसका सेवन करें।
  • हल्दी चाय : शहद और नींबू का रस गुनगुने गर्म पानी में मिलाकर सेवन करने से बहुत जल्दी गले के दर्द से राहत मिलती है। इस मिश्रण में हल्दी मिलाने से काढ़ा का प्रभाव और भी बढ़ जाता है। इस औषधी को बनाने के लिए चार कप  उबलते पानी में एक बड़ी चम्मच हल्दी पावडर डालकर कुछ मिनटों तक उबालें। इस मिश्रण को छानकर नींबू और शहद की कुछ बूंदें उसमें डालें। गले के दर्द से राहत पाने के लिए हल्दी चाय को गरमागरम ही पीयें।
टिप :  गले में जो कफ़ रहता है वह हल्का गर्म पानी पीने से निकल जाता है और गले का सूजन भी कम हो जाता है, जिससे आपको राहत मिलती है।



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